प्ली बार्गेनिंग और संक्षिप्त विचारण
क्या इन धाराओं में सौदा-अभिवाक्, संक्षिप्त विचारण या परिवीक्षा संभव है।
भा.ना.सु.सं. धारा 289–300 (प्ली बार्गेनिंग; पहले दं.प्र.सं. 265क–265ठ), धारा 283 (संक्षिप्त विचारण; पहले 260) और धारा 401 (परिवीक्षा; पहले 360)। प्ली बार्गेनिंग का आवेदन आरोप विरचित होने के 30 दिन के भीतर।
