IPC 216Aअध्याय XI · Of False Evidence and Offences Against Public Justiceअब BNS 254

धारा 216A · धारा 216A - लुटेरों या डाकुओं को संश्रय देने के लिए शास्ति

अक्षर आकार — स्तर 1, कुल 4 में से

अपराध एक नज़र में

अधिकतम दंड
7 वर्ष
जुर्माना
जुर्माना — कोई विधिक सीमा नहीं, न्यायालय तय करेगा
संज्ञेय
संज्ञेय
जमानतीय
जमानतीय
समझौता योग्य
समझौता योग्य नहीं
विचारण न्यायालय
प्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट
  • संज्ञेय — पुलिस बिना वारंट गिरफ़्तार कर सकती है
  • जमानतीय — जमानत आपका अधिकार है — थाने से भी मिल सकती है

प्रथम अनुसूची (भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता; IPC अपराधों के लिए दंड प्रक्रिया संहिता) से

नए कानून में

IPC 216ABNS 254

254. Penalty for harbouring robbers or dacoits.

दोनों पाठों की तुलना करें →

इस धारा पर आपका निजी नोट

यह नोट सिर्फ़ आप देख सकते हैं।

इस धारा में हुए बदलाव

कौन-सा कानून लागू होगा, यह अपराध की तारीख से तय होता है — इसलिए यह समयरेखा मायने रखती है।

  1. 1886जोड़ा गया

    किस उपबंध से: Act 10 of 1886

  2. 1894जोड़ा गया

    किस उपबंध से: Act 3 of 1894

    By 8.

अपराध की तारीख पर जो पाठ लागू था, वही लागू होगा — बाद का संशोधन पिछले अपराध पर लागू नहीं होता।